सोमवार, 4 फ़रवरी 2019

कभी शीला पखो ऋतू कभी तेला घामा

कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
घास नि च डाली माजी ये लोला डांडा म
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
 
मेता की हेर्याली डांडी धार मा दिखेंदा
मेता की हेर्याली डांडी धार मा दिखेंदा
प राणु रेंदु माजी आंसू नि थमेंदा
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
 
सासु की डेराकु घासो भेलू भेलू जांदू
सासु की डेराकु घासो भेलू भेलू जांदू
रुमुक व्हे जांदी माजी दगडू नि रांदु  
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
घास नि च डाली माजी ये लोला डांडा म
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
 
 काफू बसद यख  न घुघूती घुर-घुर
 काफू बसद यख न घुघूती घुर-घुर
केमा द् यूं  रेबार माजी चखुला भी दूर दूर
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
 
रुखा डांडा सुखा छोया छेल निच पाणि
रुखा डांडा सुखा छोया छेल निच पाणि
ये लोला मुलुक माजी बेटी नि बिवाणी
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम
घास नि च डाली माजी ये लोला डांडा मा
कभी सीला पाखों रिठु कभी तेला घाम


रोग पुराणु कटे ज़िन्दगी नई ह्वैगे तेरु मुल मुल हैंसुणु दवई ह्वैगे

संगीत ...................................... १२३ रोग पुराणु कटे ज़िन्दगी नई ह्वैगे रोग पुराणु कटे ज़िन्दगी नई ह्वैगे नई नई ह्वैग...